घोघड़, भरमौर, 22 अप्रैल : पृथ्वी दिवस के अवसर पर भरमौर क्षेत्र के कई स्कूलों में विद्यार्थियों द्वारा एक भव्य जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। श्री जय कृष्ण गिरी पब्लिक हाई स्कूल, भरमौर व रावमापा भरमौर द्वारा रैलियां विकाली गईं। श्री जय कृष्णगिरि पब्लिक हाई स्कूल द्वारा यह रैली स्कूल परिसर से शुरू होकर बस स्टैंड भरमौर, मुख्य बाजार, चौरासी मंदिर परिसर होते हुए गौरपटा तक निकाली गई।
रैली के दौरान विद्यार्थियों ने “पेड़ लगाओ, पृथ्वी बचाओ” और “पर्यावरण बचाओ” जैसे नारों के माध्यम से लोगों को जागरूक किया। साथ ही उन्होंने पृथ्वी दिवस के महत्व, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के प्रति लोगों को संदेश दिया।
इस अवसर पर स्कूल परिसर में रंगारंग कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया। विद्यार्थियों ने आकर्षक पोस्टर बनाए और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े स्लोगन प्रस्तुत किए, जिनमें प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का भाव स्पष्ट झलकता रहा।
कार्यक्रम के दौरान मुख्य अध्यापक राजीव शर्मा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि पृथ्वी केवल एक ग्रह नहीं, बल्कि हमारी माँ है, जो हमें जीवन के लिए आवश्यक सभी संसाधन प्रदान करती है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में पृथ्वी प्लास्टिक प्रदूषण और अंधाधुंध पेड़ों की कटाई जैसी गंभीर समस्याओं से जूझ रही है। यदि समय रहते कदम नहीं उठाए गए, तो आने वाली पीढ़ियों को शुद्ध हवा और स्वच्छ जल उपलब्ध नहीं हो पाएगा।
उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए छोटे-छोटे प्रयास भी महत्वपूर्ण होते हैं, जैसे पेड़ लगाना, पानी की बचत करना और प्लास्टिक का कम उपयोग करना। उन्होंने सभी से आह्वान किया कि वे अपने जीवन में इन बातों को अपनाएं और समाज को भी इसके लिए प्रेरित करें।
इस मौके पर अध्यापक सुरेंद्र कपूर, संदीप कुमार, कार्तिक गुलरिया, आयुष जपोतरा, मनोज कुमार, कृष्णा कुमारी, रोमा देवी, शुभम कुमारी, उमा देवी और बीना कुमारी सहित अन्य स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे।
वहीं, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय भरमौर के छात्रों ने भी पृथ्वी दिवस पर रैली निकालकर लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक किया। कार्यकारी प्रधानाचार्य विजय चारक तथा पुलिस थाना भरमौर के अधिकारियों ने भी विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
क्षेत्र के अन्य विद्यालयों में भी पृथ्वी दिवस के उपलक्ष्य में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनके माध्यम से विद्यार्थियों ने पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।

