घोघड़, ऊना, 16 जून : जनगणना 2027 के तहत जिले में अब घर-घर जाकर आंकड़े एकत्रित करने की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। स्व-जनगणना की अवधि पूरी होने के बाद नियुक्त प्रगणक और पर्यवेक्षक निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार प्रत्येक परिवार तक पहुंचकर आवश्यक जानकारी दर्ज करेंगे।
उपायुक्त ऊना जतिन लाल ने बताया कि जनगणना का यह चरण 15 जुलाई तक जारी रहेगा। इस दौरान अधिकृत जनगणना कर्मी विभिन्न क्षेत्रों में जाकर परिवारों से संबंधित जानकारी एकत्रित करेंगे, जिससे जिले की जनसंख्या और सामाजिक-आर्थिक स्थिति का अद्यतन आंकलन किया जा सके।
उन्होंने कहा कि जनगणना कार्य में लगे सभी प्रगणक और पर्यवेक्षक अपने साथ आधिकारिक पहचान पत्र रखेंगे तथा सर्वेक्षण के दौरान अपनी पहचान स्पष्ट रूप से बताएंगे। नागरिकों से आग्रह किया गया है कि वे जनगणना कर्मियों को सही और तथ्यात्मक जानकारी उपलब्ध कराकर इस महत्वपूर्ण कार्य में सहयोग दें।
उपायुक्त ने कहा कि जनगणना से प्राप्त आंकड़े सरकारों को विकास योजनाओं की रूपरेखा तैयार करने, संसाधनों के बेहतर प्रबंधन और विभिन्न कल्याणकारी कार्यक्रमों को प्रभावी ढंग से लागू करने में सहायता प्रदान करते हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जनगणना के दौरान एकत्रित की जाने वाली व्यक्तिगत जानकारियां पूरी तरह गोपनीय रहेंगी और उनका उपयोग केवल सांख्यिकीय तथा विकास संबंधी उद्देश्यों के लिए किया जाएगा।
जतिन लाल ने कहा कि किसी भी क्षेत्र की सामाजिक, आर्थिक और जनसांख्यिकीय स्थिति को समझने के लिए जनगणना एक महत्वपूर्ण आधार प्रदान करती है। सटीक आंकड़ों के माध्यम से योजनाओं को वास्तविक जरूरतों के अनुरूप तैयार किया जा सकता है, जिससे पात्र लोगों तक लाभ समय पर पहुंचाना संभव होता है।
उन्होंने जिला वासियों से जनगणना अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील करते हुए कहा कि यह केवल सरकारी प्रक्रिया नहीं, बल्कि देश के विकास और बेहतर भविष्य के निर्माण में नागरिकों की महत्वपूर्ण भूमिका का प्रतीक है।

