घोघड़, चम्बा, 24 जनवरी : हिप्र के जनजातीय क्षेत्र भरमौर में हिमपात के दौरान 02 किशोरों के लापता होने से क्षेत्र में भावनात्मक उथल-पुथल चल रही है। हर कोई बच्चों के सुरक्षित लौटने प्रार्थना कर रहा है।
गत दिवस से भरमाणी डीपीएफ में लापता हुए दो स्थानीय किशोरों का पता आज भी नहीं पाया है। मलकौता के दर्जनों युवकों व स्थानीय प्रशासन के बचाव दल ने गत दिवस से लापता दो युवकों के लिए आज सुबह फिर से अपना तलाश अभियान आरम्भ किया। सुबह हल्का हिमपात होने के कारण तलाश अभियान में मुश्किलों का समाना करना पड़ा। लेकिन किशोरों के जीवन से जुड़े सीमित व बीतते समय को समझते हुए लोगों ने बर्फीले मौसम में भी तलाश अभियान जारी रखा। तलाशकर्ताओं ने भरमाणी जंगल के ऊंचे भागों,गोठ,कंदराओं तक खोजबीन की परंतु कोई लाभ न मिला।
इस भूभाग में तीन फुट से अधिक बर्फ की परत है जिस कारण पैदल चल कर तलाश करने में ज्यादा समय लग रहा है।
इस तलाश अभियान के दौरान लोगों ने हैलीकॉप्टर व ड्रोन सहायता की भी मांग की परंतु प्रशासन की आपदा प्रबंधन समिति के पास कोई ड्रोन नहीं था। वन विभाग के पास एक ड्रोन मौजूद है परंतु उसे संचालित करने वाला कोई नहीं है। वन विभाग ने आज यह ड्रोन उपमंडलाधिकारी भरमौर को सर्च ऑपरेशन हेतु सौंप दिया है।
वन मंडल अधिकारी नवननाथ माने ने बताया कि विभाग के पास ड्रोन तो है परंतु किसी को इसे संचालित करने का प्रशिक्षण नहीं मिला है जिस कारण इसका उपयोग नहीं हो पा रहा है। उन्होंने कहा कि भरमौर में लापता हुए युवकों की तलाश के लिए भरमौर प्रशासन के मांगने पर उन्हें यह सौंपा गया है।
इस तलाश अभियान में मलकौता गांव के मदन, पवन, सुरिंदर, राकेश, सुभाष, पवन, अक्षय, कुलदीप, दीपक, करतार, कताबिया, मस्तराम, रविंदर, प्रिंस, राजेश, विजय, राजीव, विकास, कश्मीर, विशाल, रोहित, दीपक, सरूपी, संदीप विनय, पवन, शिव दास इत्यादि मौजूद रहे जिन्होंने सिम्मर नाला से पान पत्ता तक का भरमाणी जंगल छान मारा। उन्होंने कहा कि शुन्य से काफी नीचे चल रहे तापमान के बीच किशोरों का जीवन विपत्ति में आ चुका है। ऐसे में तलाश अभियान को संवेदशीलता से दिन-रात चलाने की आवश्यकता है। ग्रामीणों ने बताया कि अगर उनके पास आवश्यक व उपयुक्त उपकरण हों तो वे रात में भी तलाश अभियान चला सकते हैं।
उधर इस सर्च ऑपरेशन के बारे में जानकारी देते हुए उपमंडलाधिकारी भरमौर विकास शर्मा ने कहा कि युवकों की तलाश के लिए दो दिनों से अभियान चलाया जा रहा है। प्रशासन ने वन विभाग के ड्रोन से सर्च ऑपरेशन आरम्भ करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि ड्रोन संचालन के लिए स्थानीय ऑपरेटर की मदद ली जा रही है। उपमंडलाधिकारी ने बताया कि एक ड्रोन पुलिस विभाग द्वारा चम्बा जिला मुख्यालय से मंगवाया गय रहा है। जोकि आज सायं तक भरमौर पहुंच जाएगा। उपमंडलाधिकारी ने कहा कि वे स्वयं इस तलाश अभियान में शामिल होकर स्थिति की निगरानी कर रहे हैं।
प्राप्त जानकारी अनुसार देर सायं तक ड्रोन की उड़ान नहीं हो पाई है। प्रशासन कल सुबह दो ड्रोन की मदद से लापता किशोरों की तलाश करेगा।
इस बीच राहत की आशा इस बात पर टिकी हुई है कि युवकों के साथ उनके पालतू दो कुत्ते भी मौजूद हैं, वे भी लौटकर नहीं आए हैं। ऐसे में अनुमान लगाया जा रहा है कि युवक सुरक्षित या घायल होकर किसी स्थान पर फंसे होंगे जहां से किसी से सम्पर्क नहीं कर पा रहे हैं।




